टोक्यो की प्रधानमंत्री 1 से 3 जुलाई, 2026 तक प्रस्तावित जापान यात्रा के दौरान 16वें भारत-जापान वार्षिक शिखर सम्मेलन का आयोजन किया जा रहा है। इस महत्वपूर्ण सम्मेलन का उद्देश्य दोनों देशों के बीच रणनीतिक और आर्थिक सहयोग को नई ऊंचाइयों तक पहुंचाना है।

शिखर सम्मेलन में दोनों देशों के शीर्ष नेतृत्व के बीच क्षेत्रीय और वैश्विक मुद्दों पर व्यापक चर्चा होगी। विशेष रूप से आर्थिक सुरक्षा और ऊर्जा सुरक्षा को मजबूत बनाने के लिए नए समझौतों और साझेदारियों पर विचार किया जाएगा। बदलते वैश्विक परिदृश्य में आपूर्ति श्रृंखला (Supply Chain) को सुरक्षित और मजबूत बनाने पर भी जोर रहेगा।

बैठक के दौरान सेमीकंडक्टर निर्माण, कृत्रिम बुद्धिमत्ता (AI), डिजिटल प्रौद्योगिकी, रक्षा सहयोग, स्वच्छ ऊर्जा, और उन्नत विनिर्माण जैसे क्षेत्रों में सहयोग बढ़ाने पर विशेष ध्यान दिया जाएगा। दोनों देश तकनीकी नवाचार, निवेश और रक्षा उत्पादन में साझेदारी को और गहरा करने की दिशा में महत्वपूर्ण निर्णय ले सकते हैं।

यह शिखर सम्मेलन भारत-जापान विशेष रणनीतिक और वैश्विक साझेदारी को और मजबूत करेगा तथा हिंद-प्रशांत क्षेत्र में शांति, स्थिरता और आर्थिक विकास को बढ़ावा देने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा।