Loading...
भारत से जुड़ी ताज़ा खबरें और लेख

Nayara Energy ने पेट्रोल ₹5 और डीजल ₹3 प्रति लीटर सस्ता किया है। यह कदम अंतरराष्ट्रीय कच्चे तेल की कीमतों में गिरावट के बाद उठाया गया है और इसका लाभ उपभोक्ताओं को मिलेगा।
DNA जांच में खुलासा— 'ग्रीन बूट्स' के नाम से चर्चित पर्वतारोही थे भारतीय सेना के लांस नायक दोरजे मोरुप। अब पार्थिव शरीर को स्वदेश लाने की तैयारी।

दिल्ली में लापता लोगों के मामलों में महिलाएं, लड़कियां और नाबालिग सबसे अधिक प्रभावित हैं। 2025 और 2026 के आंकड़े बताते हैं कि हजारों लोग लापता हुए, जिनमें से कई का अब तक पता नहीं चल पाया है। यह स्थिति सुरक्षा और कानून-व्यवस्था को लेकर चिंता बढ़ा रही है।

सरकार ने कहा है कि पासपोर्ट महत्वपूर्ण दस्तावेज है, लेकिन अकेले इसे भारतीय नागरिकता का अंतिम प्रमाण नहीं माना जा सकता।

रेलवे ने नियमों को बनाया और कड़ा, उल्लंघन करने वालों पर भारी जुर्माना और कानूनी कार्रवाई की तैयारी।

पूर्वोत्तर भारत में भारी बारिश और बाढ़ जैसी स्थिति बनी हुई है, जबकि मध्य भारत के कुछ क्षेत्रों में भीषण गर्मी और लू लोगों की परेशानी बढ़ा रही है। मौसम विभाग ने दोनों क्षेत्रों के लिए सतर्कता बरतने की सलाह दी है।

देश के 9 राज्यों में भूजल स्तर तेजी से घट रहा है। पंजाब, राजस्थान और हरियाणा सबसे अधिक प्रभावित हैं। बढ़ता शहरीकरण, औद्योगीकरण और पानी का अत्यधिक उपयोग इस संकट की प्रमुख वजह माने जा रहे हैं।

वर्ल्ड बैंक के 4000 करोड़ रुपये के ऋण से हरियाणा में जल संरक्षण, नहर सुधार और 2 लाख एकड़ जलभराव भूमि के पुनर्विकास का काम होगा।

केंद्र सरकार के इस फैसले को वैश्विक तेल बाजार में उतार-चढ़ाव और घरेलू ईंधन आपूर्ति को सुरक्षित रखने की रणनीति के तौर पर देखा जा रहा है। अब सभी की नजर अगली समीक्षा पर होगी कि सरकार आगे क्या कदम उठाती है।

भारत की औसत प्रजनन दर (TFR) घटकर 1.9 हो गई है, जो प्रतिस्थापन स्तर 2.1 से कम है। यह दर्शाता है कि देश में जनसंख्या वृद्धि की रफ्तार धीमी हो रही है। विशेषज्ञों के अनुसार शिक्षा, शहरीकरण और परिवार नियोजन के प्रति बढ़ती जागरूकता इसके प्रमुख कारण हैं। यह बदलाव भारत को जनसंख्या स्थिरता की ओर ले जा रहा है

मुरैना में उदयपुर इंटरसिटी एक्सप्रेस में आग लगने की अफवाह फैलने से यात्री घबराकर ट्रेन से उतर गए। इसी दौरान दूसरी दिशा से आ रही पातालकोट एक्सप्रेस की चपेट में आने से चार लोगों की मौत हो गई। घटना ने अफवाहों और रेलवे सुरक्षा व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।

अल नीनो के बढ़ते प्रभाव से भारत में मॉनसून कमजोर पड़ सकता है। कम बारिश की आशंका को देखते हुए 197 जिलों को संवेदनशील मानकर विशेष तैयारियां की जा रही हैं। इसका असर खेती, जल संसाधनों और खाद्य कीमतों पर पड़ सकता है।